Monday, March 4, 2024
Home अंतर्राष्ट्रीय कई देशों के आर्थिक संकट के बीच वल्र्ड बैंक के प्रमुख ने...

कई देशों के आर्थिक संकट के बीच वल्र्ड बैंक के प्रमुख ने की इस्तीफे की घोषणा

संयुक्त राष्ट्र। डेविड मलपास ने घोषणा की है कि वह जलवायु परिवर्तन नीतियों को लेकर राष्ट्रपति जो बाइडेन के प्रशासन के साथ अनबन के बाद विश्व बैंक के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह अपने पांच साल के कार्यकाल की समाप्ति से दस महीने पहले जून में अंतरराष्ट्रीय विकास संस्थान छोड़ देंगे। गौरतलब है कि उन्होंने अपनी इस्तीफे की की घोषणा ऐसे समय की है, जब दुनिया भर के कई देश गंभीर वित्तीय समस्याओं का सामना कर रहे हैं। विश्व बैंक का प्रमुख नियुक्त करना, अमेरिकी राष्ट्रपति का विशेषाधिकार है। बाइडेन मलपास के उत्तराधिकारी की नियुक्ति करेंगे। मलपास पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के करीबी थे, जिन्हें 2019 में पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा ने यंग किम के पद छोडऩे के बाद इस पद पर नियुक्त किया था।

मलपास ने ट्रम्प के 2016 के चुनाव अभियान में काम किया था और विश्व बैंक में जाने से पहले अंतरराष्ट्रीय मामलों के ट्रेजरी अंडरसेक्रेटरी थे। बाइडेन की तुलना में वैचारिक रूप से ट्रम्प के करीब मलपास ने पिछले साल न्यूयॉर्क टाइम्स के एक कार्यक्रम में यह मानने से मना कर दिया था कि जलवायु परिवर्तन मानव निर्मित ग्रीनहाउस गैसों के परिणामस्वरूप हुआ। इस विषय पर जोर देते हुए उन्होंने कहा, मैं वैज्ञानिक नहीं हूं। इस पर पूर्व उपराष्ट्रपति अल गोर समेत कई अन्य लोगों ने उनकी आलोचना की थी। लेकिन कुछ दिनों बाद मलपास ने यू टर्न लेते हुए विश्व बैंक के कर्मचारियों को लिखा, यह स्पष्ट है कि मानव गतिविधियों से ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन जलवायु परिवर्तन का कारण बन रहा है।

तेल और गैस परियोजनाओं को वित्तीय मदद जारी रखने के लिए विश्व बैंक की आलोचना की गई। पद छोडऩे के अपने फैसले की घोषणा करते हुए मलपास ने कहा, विकासशील देशों में अभूतपूर्व संकट का सामना करने के साथ, मुझे गर्व है कि बैंक ने प्रभावशाली ढंग से संकटों का सामना किया। बैंक ने कहा कि मालपास के नेतृत्व में बैंक ने वैश्विक संकटों का तेजी से सामना किया, कोविड-19 महामारी, यूक्रेन में युद्ध, तेज वैश्विक आर्थिक मंदी, अस्थिर ऋण बोझ, जलवायु परिवर्तन और भोजन, उर्वरक के लिए 440 बिलियन डॉलर जुटाया।

इसके पहले मलपास ने रिपब्लिकन राष्ट्रपतियों रोनाल्ड रीगन और जॉर्ज एचडब्ल्यू बुश के साथ भी काम किया। 1993 में वे निवेश कंपनी बेयर स्टर्न्स के मुख्य अर्थशास्त्री बने, जो 2008 के वित्तीय संकट में ढह गई। इसके बाद उन्होंने अपनी खुद की आर्थिक सलाहकार फर्म की स्थापना की और सीनेट चुनाव में रिपब्लिकन नामांकन के लिए असफल बोली लगाई।

RELATED ARTICLES

ढाका में 7 मंजिला रेस्तरां में लगी आग, 43 की मौत; दर्जनों घायल

ढाका। बांग्लादेश के ढाका में एक 7 मंजिला इमारत में आग लगने से कम से कम 43 लोगों की मौत हो गई है। स्थानीय...

कारमांता शहर में एक हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त, चार पुलिस अधिकारियों की मौत

बोगोटा। लैटिन अमेरिकी देश कोलंबिया के एंटिओक्विया प्रांत के कारमांता शहर में एक हेलीकॉप्टर के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने से चार पुलिस अधिकारियों की मौत...

अपने ही परिवार के 12 सदस्यों को गोली मारकर उतारा मौत के घाट

तेहरान। ईरान के केरमान प्रांत में एक व्यक्ति ने अपने परिवार के 12 सदस्यों की गोली मारकर हत्या कर दी। जबकि, तीन अन्य गोली...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

फूलदेई पर्व पर कक्षा 8वीं तक के छात्र- छात्राओं को मिले अवकाश

उत्तराखंड का लोकपर्व फूलदेई लोक परम्पराओं का वाहक देहरादून। फूलदेई पर्व पर कक्षा आठ तक वे स्टूडेंट्स के लिए अवकाश घोषित करने की मांग की।...

बदरीनाथ-केदारनाथ में जल्द शुरू होगें अस्पताल – डा. आर राजेश कुमार

चारधाम यात्रा को सुगम और सुरक्षित बनाने में जुटा स्वास्थ्य महकमा मरीजों के इलाज में कोताही बर्दाश्त नहीं, होगी सख्त कार्रवाई- डॉ आर राजेश कुमार देहरादून।...

भारत घूमने आई स्पेन की महिला से गैंगरेप, चार लोग हिरासत में

विधानसभा में भी उठा मुद्दा विपक्ष हमलावर दुमका। झारखंड के दुमका के हंसडीहा थाना क्षेत्र में स्पेन की एक महिला के साथ गैंगरेप की वारदात...

गंग नहर में डूबा व्यक्ति , SDRF ने बचाई जान

देहरादून।  दिनाँक 02 मार्च 2024 को कलियर मार्ग सोनाली पार्क रूड़की के पास IIT के दो छात्र डूब गए थे जिसमें से एक छात्र...

Recent Comments